Ghotoo ki Kavitaye

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Sunday, June 19, 2011

गर्दभ कहे गदही से,

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बैशाखनंदन ने,क्रंदन कर ,मन खोला,                  रेंक गदही से बोला,प्यार मेरा सच्चा है तू इतनी है प्यारी,चल चले मतवाली,                 ...

हाँ, हम भ्रष्ट है

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हाँ, हम भ्रष्ट है आपको क्या कष्ट है जनता की भीड़ में, भाषण देते हो,चिल्लाते हो हमें भ्रष्टाचारी बताते हो चुप रहा करो, नहीं तो हम बता द...

फादर डे

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फादर डे ---------- साल भर में  एक दिन पिता का एक दिन माता का, उस दिन ,माता या पिता को, धन्यवाद का कार्ड या भेंट देकर, हो जाती कर्तव्य...

शाश्वत सत्य

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शाश्वत सत्य ----------------- भारत की धर्मपरायण जनता, जब श्रद्धा लुटाती है मंदिर और मठों की, साधू और संतों की चांदी ही चांदी है भक्त ...
Friday, June 17, 2011

मैंने कहा पति हूँ मै,,कोई चपरासी नहीं,

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१ दफ्तर में काम काम,घर पर भी ना आराम,                  बन कर तेरा गुलाम, काम नहीं आऊंगा चाम के चक्कर में,नाच बहुत नाचा मै,             ...

बारिश है पर दूर सजन है

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बारिश है पर दूर सजन है चूल्हा ठंडा पड़ा हुआ है,सिगड़ी बिगड़ी ,नहीं अगन है बारिश है  पर दूर सजन है है स्टोव बिसूरता उसमे पर मिटटी का तेल न...

मुकरियां

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मुकरियां -----------    १ जब जब देखूं,मन में भावे व बिन मोहे ,कछु न सुहावे मोको वासे  सच्चो प्रेमा को सखी साजन, नहीं सिनेमा        २ ...
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Ghotoo
I am a Mechanical Engineer from BHU, passed out in 1963. Currently I run my own Industry in Noida
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